

बिसौली (बदायूं)। रविवार शाम को बिसौली के बुधबाजार क्षेत्र में स्थित एक मोटर गैराज में अचानक आग लगने से हड़कंप मच गया। आग इतनी भीषण थी कि एक निजी एंबुलेंस समेत चार वाहन जलकर खाक हो गए। हादसे में गैराज संचालक समेत तीन लोग झुलस गए। गनीमत रही कि समय रहते आग पर काबू पा लिया गया, जिससे एक बड़ी अनहोनी टल गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बिल्सी रोड स्थित रजा कार वर्कशॉप में एक एंबुलेंस की मरम्मत के दौरान अचानक पेट्रोल लीक हुआ और चिंगारी से आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि एंबुलेंस का फ्यूल टैंक फट गया और लपटों ने आसपास खड़ी स्विफ्ट डिजायर, बैगनार और लोजो को भी चपेट में ले लिया।
स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए सबमर्सिबल पंप से आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन संसाधनों की कमी से आग विकराल रूप लेती गई। फायर ब्रिगेड और कोतवाली पुलिस की टीम ने मौके पर पहुंचकर करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। इस दौरान यातायात को रूट से डायवर्ट किया गया और भीड़ को हटाया गया।
घटना के बाद एसपी देहात केके सरोज, एसएचओ हरेंद्र सिंह व एसओ फैजगंज बेहटा रामिंदर सिंह ने मौके का निरीक्षण किया। झुलसे हुए तीन लोगों को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया।
सवालों के घेरे में गैराजों की सुरक्षा व्यवस्था
इस घटना ने एक बार फिर मोटर गैराजों की सुरक्षा व्यवस्थाओं को लेकर चिंता बढ़ा दी है। विशेषज्ञों का मानना है कि गैराजों में आग बुझाने के यंत्र, पानी की समुचित व्यवस्था और पेट्रोल-डीजल जैसे ज्वलनशील पदार्थों को सुरक्षित रखने की प्रणाली अनिवार्य होनी चाहिए।
जरूरत है जिलेभर में जांच मुहिम की
बदायूं के बाद अब बिसौली में इस तरह की घटना ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि यदि समय रहते मोटर गैराज मे आग बुझाने के संसाधनों की व्यवस्था न की गई, तो भविष्य में कोई बड़ा हादसा टाला नहीं जा सकेगा। ऐसे में ज़रूरत है कि बिसौली सहित पूरे जिले में चल रहे सभी मोटर गैराजों में सुरक्षा उपकरणों की अनिवार्य जांच की जाए और जहां भी कमियां हैं, उन्हें तत्काल दूर किया जाए।


























