बिल्सी। नगर के मोहल्ला संख्या आठ साहबगंज स्थित श्री 1008 पारसनाथ दिगंबर जैन मंदिर में आज जैन धर्म के धर्मगुरु क्षुल्लक रत्न श्री 105 तारण सागर जी महाराज का आगमन हुआ, जहां पहुंच कर उन्होंने आगामी 21 जुलाई को उत्तर प्रदेश के हस्तिनापुर नगर में आयोजित होने वाले पावन वर्षायोग कार्यक्रम में समाज के लोगों को आने के लिए आमंत्रित किया।
इस दौरान तारण सागर महाराज ने अपने प्रवचन के में कहा कि सभी को जीवन में शांति पाने के लिए अपने क्रोध पर काबू पाना सीखना चाहिए । जिसने जीवन से समझौता करना सीख लिया वह संत हो गया। वर्तमान में जीने के लिए सजग और सावधान रहने की आवश्यकता है।जिसके भाग्य में जो लिखा है, उसे वही मिलेगा और परेशान होने से कुछ अतिरिक्त प्राप्त नहीं होने वाला। सर्वोच्च सत्ता ईश्वर के ही हाथ में है। अत: यदि वह आपसे नाराज है तो दुनिया की कोई ताकत आपकी मदद नहीं कर सकती।
उन्होंने कहा कि युवतियां कभी भी घर से भागकर शादी मत करना। विधर्मी से शादी करने पर आपको वह सब भी करना पड़ सकता है जिसकी कल्पना आपने कभी न की होगी। तीन घंटे की फिल्म तथा वास्तविक जीवन में काफी अंतर होता है। अत: जागृत अवस्था में रहकर कोई भी कार्य करो।
इस मौके पर समाज के अध्यक्ष मृगांक कुमार जैन, मीडिया प्रभारी प्रशान्त जैन,शालिनी जैन,ज्योति जैन,अनिल जैन आदि लोग मौजूद रहे।

























