
बिल्सी।नगर क्षेत्र के मोहल्ला नंबर 5 में स्थित एक पुराना मकान इन दिनों लोगों के लिए खतरा बन चुका है। वर्षों से जर्जर हालत में खड़ा यह भवन टूटकर गिरने की कगार पर है। स्थानीय लोग कई बार प्रशासन और जिम्मेदारों को इसकी जानकारी दे चुके हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
सबसे बड़ी बात यह है कि यह भवन सिद्धपीठ श्री बालाजी दरबार जाने वाले मुख्य मार्ग के बिल्कुल पास स्थित है। हर मंगलवार को देश-विदेश से आने वाले हज़ारों श्रद्धालुओं को बालाजी धाम पहुंचने के लिए इसी रास्ते से होकर गुजरना पड़ता है। ऐसे में यह जर्जर भवन किसी भी समय बड़े हादसे को न्योता दे सकता है।
बंदर रोज़ गिरा रहे ईंटें, आये दिन सड़क पर गिर रहा मलबा
स्थानीय निवासियों का कहना है कि जर्जर मकान की दीवारें इतनी कमजोर हो चुकी हैं कि-बंदर उसकी ईंटें उखाड़ लेते हैं, ईंटें धड़ाधड़ सड़क पर गिरती रहती हैं, लोग डर डरकर किनारे से गुजरने को मजबूर हैं। उक्त भवन के चलते राहगीरों, स्कूली बच्चों, और बालाजी दरबार आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा प्रतिदिन खतरे में बनी रहती है।
स्थानीय लोग बार-बार शिकायत कर थक चुके
आसपास रहने वाले लोगों ने बताया-“हमने कई बार नगरपालिका और जिम्मेदार अधिकारियों को सूचना दी, लेकिन किसी ने ध्यान नहीं दिया। हम रोज़ डर में जी रहे हैं कि न जाने कब यह दीवार हमारे बच्चों या किसी राहगीर पर गिर जाए।”मोहल्लावासियों के अनुसार यह भवन दशकों पुराना ककईया ईंट है और गारे से बना हुआ है और अब पूरी तरह से गिरने की स्थिति में पहुंच चुका है।
बालाजी दरबार जाने वाले के मार्ग पर खतरा: हर मंगलवार भारी भीड़, हादसे की आशंका कई गुना ज़्यादा
सिद्धपीठ श्री बालाजी दरबार में हर मंगलवार-यूपी, उत्तराखंड, दिल्ली, राजस्थान,और अन्य राज्यों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते हैं।चूँकि जर्जर भवन बालाजी के प्रवेश मार्ग पर ही आता है, इसलिए-“कहीं ऐसा ना हो कि भीड़ के बीच अचानक मलबा गिर जाए और बड़ी जनहानि हो जाए।”
नगरपालिका अध्यक्ष ज्ञानदेवी सागर का बयान — निरीक्षण कराया जाएगा, भवन स्वामी को नोटिस जारी होगा
खबर संज्ञान में आने के बाद नगरपालिका अध्यक्ष ज्ञानदेवी सागर ने कहा—“नगरपालिका की टीम को मौके का तुरंत निरीक्षण कराने को कहा गया है। भवन स्वामी का पता लगाकर उसे नोटिस जारी किया जाएगा। किसी भी स्थिति में नागरिकों की सुरक्षा से समझौता नहीं किया जाएगा।”
स्थानीय नागरिकों की मांग-भवन को तत्काल खतरनाक घोषित किया जाए-रास्ते पर बिल्डिंग की साइड बैरिकेडिंग के, साथ ही जर्जर भवन की जानकारी के साइनवोर्ड लगवा कर लोगों को सावधान किया जाये,भवन स्वामी को नोटिस देकर इसे ध्वस्त कराने की कार्यवाही कराने का प्रयास किया जाये जिससे इस मार्ग को सुरक्षित बनाया जा सके


























