बिल्सी। स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) पर कुत्ते और बंदर के काटने के बाद लगाए जाने वाले एंटी रैबीज इंजेक्शन के लिए मरीजों की भारी भीड़ उमड़ रही है। हर दिन 100 से 150 लोगों को डोज लगाई जा रही है, लेकिन मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है।
आज दोपहर स्वदेश केसरी प्रभारी बिल्सी ने सीएचसी पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। यहां ग्रामीण क्षेत्रों से सैकड़ों की संख्या में लोग इंजेक्शन लगवाने के लिए लाइन में खड़े मिले।
पीड़ित ओमवती (निवासी मूसेपुर), शीला (निवासी रुदेना) और शुभी सिंह (निवासी बांस बरौलिया) ने बताया कि गांवों में बंदरों का आतंक बढ़ गया है, जो महिलाओं और बच्चों पर हमला कर रहे हैं। बावजूद इसके प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है।
ग्रामीणों ने बंदरों के आतंक से निजात दिलाने के लिए प्रशासन से जल्द कदम उठाने की मांग की है।


























