बदायूं: जिले की नूरपुर पिनौनी ब्लॉक स्थित गौशाला में गौवंशों की दुर्दशा पर गहरा संकट मंडरा रहा है। इस संबंध में एनिमल राइट्स एक्टिविस्ट्स द्वारा जिलाधिकारी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। पत्र में बताया गया है कि गौशालाओं में गौवंशों की स्थिति अत्यंत दयनीय हो चुकी है, जहां जीवित गौवंशों को कौए नोच-नोच कर खा रहे हैं, और उनके उपचार के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा है।

गौवंशों की दर्दनाक स्थिति, वायरल वीडियो ने खोली पोल
1 अक्टूबर 2024 को वायरल हुए वीडियो में नूरपुर पिनौनी गौशाला में जीवित गौवंशों की दर्दनाक स्थिति स्पष्ट रूप से दिखाई दी। वीडियो में देखा गया कि खुले में पड़े गौवंशों को कौए नोच रहे थे, जबकि उनके पास कोई केयरटेकर या पशु चिकित्सक मौजूद नहीं था। इस मामले की जानकारी प्रशासन को मेल द्वारा लगातार दी जा रही थी, लेकिन अब तक कोई कड़ा कदम नहीं उठाया गया। पत्र में यह भी कहा गया कि गौशाला में कार्यरत कर्मी और पशु चिकित्सक सिर्फ औपचारिकता निभा रहे हैं और असल स्थिति की सही रिपोर्ट शासन को नहीं दी जा रही।
गौवंश संरक्षण के नाम पर लापरवाही
पत्र में गौशाला संचालक, ग्राम प्रधान, ग्राम सचिव और बीडीओ के साथ-साथ पशु चिकित्सकों को भी इस स्थिति के लिए जिम्मेदार ठहराया गया है। पशु चिकित्सकों पर आरोप लगाया गया है कि वे सिर्फ फोटोशूट करके चले जाते हैं, और बीमार गौवंशों का सही उपचार नहीं कर रहे। यह भी कहा गया है कि गौवंशों की दुर्दशा के कारण उनका सड़-सड़ कर मरना आम बात हो गई है, लेकिन इसके बावजूद प्रशासनिक स्तर पर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है।
मुख्यमंत्री से हस्तक्षेप की मांग
पत्र में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से अपील की गई है कि वे इस मुद्दे पर तुरंत संज्ञान लें और जिम्मेदार विभागों की गहन जांच कराएं। पत्र में यह भी कहा गया है कि गौवंश संरक्षण के मुख्यमंत्री के सपने को अगर इस तरह की लापरवाही के चलते साकार किया जा रहा है, तो यह एक गंभीर स्थिति है। एनिमल राइट्स एक्टिविस्ट्स विकेंद्र शर्मा ने इस दुर्दशा की तुलना कत्लखानों से करते हुए कहा कि कम से कम वहां गौवंश इतनी तड़पते नहीं हैं, जितना गौशालाओं में हो रहा है।
पत्र में जिलाधिकारी से भी आग्रह किया गया है कि वे जल्द से जल्द इस मामले में कड़े कदम उठाएं, ताकि गौवंशों की इस दुर्दशा को रोका जा सके और उन्हें उचित देखभाल और उपचार मिल सके।

























