
एयरपोर्ट अयोध्या
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शहर के नए हवाई अड्डे का नाम रामायण के रचयिता महर्षि वाल्मीकि के नाम करने की तैयारी चल रही है। सूत्रों के अनुसार इसका नाम महर्षि वाल्मीकि इंटरनेशनल एयरपोर्ट अयोध्या धाम होगा। इस अत्याधुनिक हवाईअड्डे का पहला चरण 1450 करोड़ रुपये की लागत से पूरा किया गया है।
अयोध्या में नए हवाई अड्डे का नाम महर्षि वाल्मिकी अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा अयोध्या धाम होगा: सूत्र pic.twitter.com/OAIo7SGoRX
– एएनआई (@ANI) 28 दिसंबर 2023
अयोध्या एयरपोर्ट का नाम महर्षि वाल्मीकि अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा अयोध्या धाम कर दिया जाएगा। गौरतलब है कि एक दिन पहले ही अयोध्या रेलवे स्टेशन का नाम बदल कर अयोध्या धाम कर दिया गया था। बताया जाता है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या धाम स्टेशन नाम रखने की इच्छा जताई थी। इसके बाद ही रेल मंत्रालय ने अयोध्या जंक्शन का नाम बदलकर अयोध्या धाम जंक्शन कर दिया। बुधवार को इसका आदेश जारी किया गया।
रामलला के प्राण प्रतिष्ठा समारोह में 22 जनवरी को बड़ी संख्या में विशिष्ट मेहमान चार्टर्ड प्लेन से आएंगे। इस दिन 100 से ज्यादा विमान रामनगरी आने की संभावना जताई जा रही है। ऐसे में यहां मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम अंतराष्ट्रीय हवाई अड्डे और अब तक बनाए गए तीन हेलीपैड पर इन्हें उतारे जाने में समस्या आ सकती है। इसके लिए प्रशासन ने वाराणसी, प्रयागराज और गोरखपुर में भी वैकल्पिक इंतजाम करने शुरू कर दिए हैं।
चार्टर्ड प्लेन की संख्या बढ़ी तो उन्हें इन तीन शहरों के हेलीपैड पर उतरवाने का बंदोबस्त कर मेहमानों को सड़क मार्ग से रामजन्मभूमि तक लाने का प्रबंध किया जाएगा। कमिश्नर गौरव दयाल ने शनिवार को बताया कि इसके लिए एयरपोर्ट अथॉरिटी से समन्वय कर आवश्यक इंतजाम किए जा रहे हैं। वैसे भी पिछले दिनों मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने यहां समीक्षा बैठक में बताया था कि करीब 100 विमान 22 जनवरी को आ सकते हैं। ऐसे में प्रशासन सभी संभावनाओं पर विचार कर रहा है।
16 हजार करोड़ की परियोजनाओं की सौगात देंगे पीएम मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 30 दिसंबर को महर्षि वाल्मीकि अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा अयोध्या धाम, हाईवे, रेलवे स्टेशन व रेलवे लाइन दोहरीकरण के साथ कई बड़ी परियोजनाओं की सौगात अयोध्या को देंगे। पीएम के लोकार्पण और शिलान्यास की सूची में लगभग 16 हजार करोड़ रुपये की परियोजनाएं शामिल हैं। श्रीराम जन्मभूमि मंदिर से जुड़ी महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर खासतौर से फोकस है। चार प्रमुख पथों का भी लोकार्पण होगा। प्रदेश के अन्य जिलों की कुछ परियोजनाएं भी शामिल की गई हैं।

























