- यूपी के पूर्व मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य के निजी सचिव समेत 4 अरेस्ट
- बेरोजगारों को नौकरी दिलाने के नाम पर करोड़ों की ठगी का आरोप
- गोरखपुर, इलाहाबाद, सुल्तानपुर और आजमगढ़ के युवाओं को देते थे झांसा


लखनऊ: एसटीएफ ने बेरोजगार नवयुवकों को नौकरी दिलाने का झांसा देकर उनसे करोड़ो रुपये ठगने के आरोप में पूर्व मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य के निजी सचिव और उसके गिरोह के चार अन्य लोगों को गिरफ्तार किया. एसटीएफ ने इनके पास से सात मोबाइल फोन, 57 विभिन्न बैंको और खातों के चेक, 22 फर्जी नियुक्ति पत्र तथा अन्य सामग्री बरामद की. उधर, भाजपा सरकार में पूर्व मंत्री रहे स्वामी प्रसाद मौर्य ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि अरमान खान कभी मेरा निजी सचिव नहीं था, मेरा उसके किसी काम से कोई लेना-देना नहीं है. वह श्रम विभाग में संविदा पर एक कर्मचारी था.’ उन्होंने कहा कि खान बहुजन समाज पार्टी और बाद में भाजपा में कार्यकर्ता रह चुका है.
सचिवालय में आसान थी आरोपियों की पहुंच
आरोपियों के पास से सात मोबाइल फोन, 57 बैंक चेक, 5 आईडी कार्ड, 22 नियुक्ति पत्र, 14 व्यक्तियों के शैक्षिक प्रमाण पत्र व अंक पत्र, 1 एसयूवी गाड़ी बिना रजिस्ट्रेशन नंबर की, 2 सचिवालय पास बिना हस्ताक्षर बरामद हुआ है। एसटीएफ के मुताबिक, पूछताछ में असगर अली ने बताया है कि वह देवरिया जिले का रहने वाला है और उसने आउटसोर्सिंग पर कई विभागों में काम किया है। सचिवालय में अरमान खान के माध्यम से उसकी आसानी से पहुंच थी। गोरखपुर, आजमगढ़, सुल्तानपुर और इलाहाबाद आदि जिलों के बेरोजगार युवकों को वह नौकरी दिलाने का झांसा देकर ठगता था।
बयान के मुताबिक पूछताछ पर असगर अली ने बताया कि वह देवरिया का रहने वाला है और आउट सोर्सिंग पर कई विभागों में कार्य किया है। वह सरकारी पत्र एवं विभागों की जानकारी रखता है। सचिवालय में अरमान (पूर्व मंत्री के निजी सचिव) के माध्यम से इसकी आसानी से पहुंच थी।
गोरखपुर, आजमगढ, सुल्तानपुर इलाहाबाद आदि जिलों के लड़के असगर से मिलते थे। असगर ने बताया कि उसका साथी अरमान पूर्व मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्या का निजी सचिव रहा है, जिसका वेतन श्रम विभाग द्वारा आहरित होता रहा है।
बयान के मुताबिक अरमान खान समय-समय पर विभिन्न बहानों से पूर्व मंत्री को अभ्यर्थियों से मिलवाता रहता था। एसटीएफ ने बताया कि गिरफ्तार अभियुक्तों से थाना हजरतगंज में पूछताछ की जा रही है और मामले की जांच जारी है।

























