इन नए कॉलेजों को मिली मान्यता
बाबू युवराज सिंह मेडिकल कॉलेज लखनऊ, गुरु गोरखनाथ मेडिकल कॉलेज गोरखपुर, नेमिनाथ आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज आगरा, आम्रपाली मेडिकल कॉलेज उन्नाव, फ्यूचर आयुर्वेद मेडिकल कॉलेज बरेली, आईआईएमटी मेडिकल कॉलेज मेरठ, कृतिका आयुर्वेदिक कॉलेज बरेली, रूहेलखंड आयुर्वेद मेडिकल कॉलेज बरेली, रामा आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज कानपुर व आईटीएम आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज महराजगंज में भी दाखिले होंगे।
दरअसल, यूपी नीट आयुष 2022 के दूसरे चरण की काउंसिलिंग शुरू होने से पहले केंद्रीय आयुर्वेदिक चिकित्सा परिषद ने 12 निजी आयुर्वेदिक कॉलेजों की मान्यता रद्द कर दी थी। इसके विरोध में धनवंतरि आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज एंड रिसर्च सेंटर मथुरा और श्रीकृष्ण आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज एंड रिसर्च सेंटर वाराणसी ने हाईकोर्ट में अपील कर दी। इन दोनों कॉलेजों को हाईकोर्ट से काउंसिलिंग में शामिल होने की अनुमति मिल गई है। साथ ही 10 नए निजी आयुर्वेदिक कॉलेजों को भी परिषद की मान्यता मिल गई है। ऐसे में इन्हें भी दूसरे चरण की काउंसिलिंग में शामिल कर लिया गया है। आयुर्वेदिक विभाग के निदेशक प्रो. एसएन सिंह ने बताया कि नए कॉलेजों की मान्यता और दो को कोर्ट से राहत मिलने से इस साल की काउंसलिंग में कॉलेजों की संख्या व सीटों में कोई फर्क नहीं पड़ रहा है।
प्रदेश में आयुष कॉलेज और सीटों की स्थिति
प्रदेश में आठ सरकारी आयुर्वेदिक कॉलेजों में 600 और 60 निजी मेडिकल कॉलेजों में 4730 सीटें हैं। इसी तरह होम्योपैथिक की नौ सरकारी कॉलेजों में 1101 और दो निजी कॉलेजों में 200, यूनानी की दो सरकारी कॉलेजों में 150 और 12 निजी कॉलेजों में 670 सीटें हैं।

























