बिल्सी। भारतीय जैन मिलन क्षेत्र संख्या-3 बिल्सी से जुड़े सदस्यों ने शुक्रवार को उपजिलाधिकारी रिपुदमन सिंह को मुख्यमंत्री गुजरात के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में कहा गया कि 2 जुलाई को गिरनार पर्वत की पांचवीं टोंक पर जैन श्रद्धालुओं को पूजा से रोका गया, उन्हें जयकारा, निर्वाण लड्डू, द्रव्य आदि अर्पण की अनुमति नहीं दी गई, यहां तक कि महिलाओं से अभद्रता और सामग्री की छीना-झपटी भी की गई।
ज्ञापन में ASI और गुजरात गजेटियर का हवाला देते हुए टोंक को मूलतः जैन तीर्थ बताया गया और मांग की गई कि वहां बनी अवैध मूर्ति हटाई जाए और जैन राष्ट्रीय धरोहर घोषित किया जाए।
इस दौरान वीर नीरेश जैन, प्रशांत जैन, मोना जैन, स्वीटी जैन, बबिता जैन, कंचन जैन आदि उपस्थित रहे।


























