बरेली।उत्तर प्रदेश सरकार के भाषा विभाग के अन्तर्गत उत्तर प्रदेश संस्कृत संस्थान, लखनऊ द्वारा बरेली जिले में नि:शुल्क त्रैमासिक पौरोहित्य प्रशिक्षण का शुभारंभ श्री टीबरीनाथ सांगवेद संस्कृत महाविद्यालय में श्रावण मास के प्रथम सोमवार को विधिवत रूप से हुआ।
कार्यक्रम का उद्घाटन संस्थान के अधिकारियों द्वारा ऑनलाइन सामूहिक रूप से किया गया, जिसके उपरांत ऑफलाइन माध्यम से प्रशिक्षण कार्य प्रारंभ हुआ। उद्घाटन अवसर पर प्रधानाचार्य बंशीधर पाण्डेय और मुख्य अतिथि सुरेश चंद्र शर्मा ने वैदिक मंगलाचरण के बीच दीप प्रज्वलन कर मां सरस्वती को नमन किया।
प्रशिक्षक आचार्य संतोष शर्मा ने बताया कि इस त्रैमासिक प्रशिक्षण के माध्यम से प्रतिभागियों को धार्मिक, शास्त्रीय और आधुनिक दृष्टिकोण से पौरोहित्य विद्या का ज्ञान प्रदान किया जाएगा। सुरेश शर्मा ने संस्कृत भाषा को संस्कृति का आधार बताते हुए समाज में योग्य पंडितों की आवश्यकता पर बल दिया। आचार्य महेश शर्मा ने सामाजिक विकृतियों को दूर करने में पौरोहित्य की भूमिका स्पष्ट की, वहीं आचार्य ओम पाठक ने संस्कारों की उपयोगिता पर प्रकाश डाला।
प्रधानाचार्य बंशीधर पाण्डेय ने उत्तर प्रदेश सरकार और संस्थान का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह प्रशिक्षण समाज में धार्मिक चेतना और जागरूकता लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
कार्यक्रम में अतुल कुमार शर्मा, कुमार प्रशांत, राजीव अवस्थी, विद्यार्थीगण व विद्यालय परिवार के सदस्य उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन शांति पाठ के साथ हुआ।


























