होम राज्य उत्तर प्रदेश बिल्सी: किसान की 22 बीघा जमीन पर फर्जीवाड़ा, रिटायर्ड लेखपाल और रजिस्ट्री...

बिल्सी: किसान की 22 बीघा जमीन पर फर्जीवाड़ा, रिटायर्ड लेखपाल और रजिस्ट्री कार्यालय पर गंभीर आरोप

तहसील क्षेत्र के ग्राम बैरमई खुर्द में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसमें जालसाजों ने एक किसान की 22 बीघा जमीन पर फर्जी दस्तावेज बनाकर कब्जा करने की कोशिश की। मामला तब खुला, जब रजिस्ट्री कार्यालय से सूचना मिलने पर जमीन के असली मालिक को इस फर्जीवाड़े की जानकारी हुई।

क्या है पूरा मामला?

ग्राम बैरमई खुर्द के किसान सत्येंद्र सिंह पुत्र चंद्रपाल सिंह ने कोतवाली बिल्सी में प्रार्थना पत्र देकर आरोप लगाया है कि उसकी गाटा संख्या 503 पर स्थित 22 बीघा जमीन को एक रिटायर्ड लेखपाल ने फर्जी तरीके से बेचने का षड्यंत्र रचा। किसान का कहना है कि लेखपाल ने एक फर्जी व्यक्ति को सत्येंद्र सिंह के रूप में पेश किया, जिसका फर्जी आधार कार्ड और फोटो लगाकर 7 नवंबर 2014 को बिल्सी के उप निबंधक कार्यालय में 17 लाख रुपये का इकरारनामा पंजीकृत करा दिया।

फर्जी गवाह और खरीदार

इकरारनामा में खरीदार का नाम भीकम सिंह निवासी मिश्रीपुर मुकईया थाना मुजरिया दर्ज है, जबकि गवाह के तौर पर कल्याण सिंह और भगवान सिंह के नाम शामिल हैं। सत्येंद्र सिंह का कहना है कि इस पूरे षड्यंत्र में रिटायर्ड लेखपाल के साथ-साथ बिल्सी के सब-रजिस्टार भी संलिप्त हैं।

किसान की अपील

पीड़ित किसान ने जालसाजों के इस कृत्य की जांच कराने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने बताया कि जमीन के मालिकाना हक को लेकर उन्हें पहले से कोई जानकारी नहीं दी गई थी, और अचानक इस फर्जीवाड़े की जानकारी मिलने पर वह हक्का-बक्का रह गए।

जांच की मांग

कोतवाली बिल्सी पुलिस ने शिकायत दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। सत्येंद्र सिंह ने उम्मीद जताई है कि दोषियों को जल्द ही कानून के शिकंजे में लाया जाएगा और उनकी जमीन का हक उन्हें वापस मिलेगा।

जालसाजों पर कड़ी कार्रवाई की जरूरत

इस घटना ने क्षेत्र में रजिस्ट्री कार्यालय और रिटायर्ड कर्मचारियों की भूमिका पर सवाल खड़े कर दिए हैं। किसान समुदाय में इस घटना को लेकर आक्रोश व्याप्त है, और लोग प्रशासन से दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here