




बदायूं। शहर के मढ़ई चौक स्थित चाहमीर मोहल्ले के प्राचीन लिंगेश्वर नाथ महादेव एवं दक्षिणमुखी हनुमान मंदिर में बुधवार को भगवान लिंगेश्वर नाथ महादेव का घट विसर्जन कार्यक्रम धार्मिक श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ विधि-विधान से संपन्न हुआ। इस अवसर पर भगवान भोलेनाथ का रुद्राभिषेक, हवन एवं विशेष पूजन किया गया। मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं द्वारा लगाए गए ‘हर-हर महादेव’, ‘जय शिव शंकर’ और ‘जय शिव शंभू’ के जयकारों से वातावरण पूरी तरह शिवमय हो गया।
घट विसर्जन कार्यक्रम से पूर्व मंदिर के महंत पंडित धनीराम शर्मा के सानिध्य में भगवान भोलेनाथ का विधिवत रुद्राभिषेक कराया गया। इसके बाद वैदिक मंत्रोच्चार के बीच हवन-पूजन संपन्न हुआ। श्रद्धालुओं ने भगवान शिव से परिवार एवं समाज के सुख, शांति, समृद्धि और मंगल की कामना की।
चैत्र कृष्ण त्रयोदशी को स्थापित होता है घट
मंदिर के महंत पंडित धनीराम शर्मा ने बताया कि धार्मिक परंपरा के अनुसार चैत्र कृष्ण पक्ष त्रयोदशी को भगवान शिव के शिवलिंग के ऊपर घट स्थापित किया जाता है और श्रावण मास के शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी को विधि-विधान के साथ उसका विसर्जन किया जाता है।
उन्होंने बताया कि घट विसर्जन से पूर्व भगवान शिव का रुद्राभिषेक, हवन एवं पूजन किया जाता है। मान्यता है कि भगवान भोलेनाथ रुद्राभिषेक से प्रसन्न होकर अपने भक्तों पर कृपा बरसाते हैं तथा जीवन में सुख-समृद्धि प्रदान करते हैं। श्रद्धालु भगवान शिव की आराधना कर परिवार की खुशहाली और अनिष्टकारी ग्रहों की शांति की कामना करते हैं।
परिवार सहित मुख्य यजमान रहे मौजूद
रुद्राभिषेक के मुख्य यजमान संजय रस्तोगी, रजनी रस्तोगी, रवि रस्तोगी, प्रिया रस्तोगी, तनिष्का, गौरी, आद्या एवं लव रस्तोगी रहे। उन्होंने विधि-विधान के साथ भगवान भोलेनाथ का पूजन एवं रुद्राभिषेक कराया।
हवन एवं पूजन के दौरान मंदिर में मौजूद श्रद्धालु भक्ति में लीन नजर आए। जैसे ही भगवान शिव के जयकारे गूंजे, पूरा मंदिर परिसर भक्तिमय वातावरण से सराबोर हो गया।
कार्यक्रम के समापन पर श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया। बड़ी संख्या में भक्तों ने मंदिर पहुंचकर भगवान लिंगेश्वर नाथ महादेव के दर्शन किए और पूजा-अर्चना कर आशीर्वाद प्राप्त किया।
इस अवसर पर राजकुमार सिंह सेंगर, प्रियांशु मिश्रा, राजकुमार मौर्य, राधेश्याम, बबलू, रितेश, अमित, अमन रस्तोगी, दिनेश कुमार शर्मा, अनिल वर्मा, मनन, शिवांश, राकेश, छोटू सक्सेना सहित बड़ी संख्या में शिवभक्त मौजूद रहे।

























