
जरीफनगर/सहसवान। जरीफनगर बिजलीघर में रिश्वतखोरी के मामले में एंटी करप्शन टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो विद्युतकर्मियों को 12 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। कार्रवाई के बाद बिजलीघर से लेकर सहसवान तक विभाग में खलबली मच गई।
जानकारी के अनुसार शिकायतकर्ता सर्वेश कुमार ने विद्युतकर्मियों द्वारा रिश्वत मांगे जाने की शिकायत एंटी करप्शन विभाग से की थी। शिकायत मिलने के बाद एंटी करप्शन टीम-बरेली के ट्रैप प्रभारी इश्तियाक वारसी के नेतृत्व में टीम ने आरोपियों को पकड़ने के लिए जाल बिछाया।
गुरुवार को शिकायतकर्ता सर्वेश कुमार निर्धारित रकम 12 हजार रुपये लेकर विद्युतकर्मियों के पास पहुंचे। जैसे ही उन्होंने आरोपियों को रिश्वत की रकम सौंपी, पहले से घात लगाए एंटी करप्शन टीम ने मौके पर छापेमारी कर दोनों को दबोच लिया। टीम ने रिश्वत की रकम भी बरामद कर ली।
टीजी-टू और संविदा लाइनमैन गिरफ्तार
एंटी करप्शन टीम के हत्थे चढ़े आरोपियों में हरदेवा राम जरीफनगर बिजलीघर में टीजी-टू (टेक्निशियन ग्रेड) के पद पर तैनात हैं। वह मूलरूप से राजस्थान के नागौर जनपद के मारोठ थाना क्षेत्र के रहने वाले बताए गए हैं।
दूसरा आरोपी मानक चंद्र जरीफनगर का निवासी है और बिजली विभाग में संविदा पर लाइनमैन के पद पर कार्यरत है।
दोनों आरोपियों को सहसवान थाने लेकर पहुंची टीम
जरीफनगर में कार्रवाई पूरी करने के बाद एंटी करप्शन टीम दोनों आरोपियों को लेकर सहसवान थाने पहुंची। यहां आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज कराने की कार्रवाई की जा रही है। इसके बाद दोनों को न्यायालय में पेश किया जाएगा।
कार्रवाई से बिजली विभाग में मची खलबली
जरीफनगर बिजलीघर में एंटी करप्शन टीम की अचानक कार्रवाई और दो विद्युतकर्मियों के रिश्वत लेते पकड़े जाने की खबर फैलते ही विद्युत विभाग सहित सभी सरकारी विभागों में हड़कंप मच गया। कार्रवाई को लेकर बिजली विभाग के कर्मचारियों के साथ ही अन्य विभागों में भी चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है।
एंटी करप्शन टीम की इस कार्रवाई को भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई के रूप में देखा जा रहा है। एंटी करप्शन टीम के अधिकारियों का कहना है कि रिश्वतखोरी की शिकायतों पर नियमानुसार कार्रवाई जारी रहेगी।





















