
बदायूं। उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ बदायूं शाखा के द्विवार्षिक चुनाव संपन्न हो गए, जिसमें संगठन की नई कार्यकारिणी का गठन किया गया। चुनाव प्रांतीय संगठन मंत्री नीरज राठौर की देखरेख में शांतिपूर्ण और पारदर्शी तरीके से संपन्न हुए।
चुनाव में भोजराज सिंह यादव को सर्वसम्मति से जिलाध्यक्ष चुना गया। उनके चयन पर लेखपालों में गहरी संतुष्टि और उत्साह देखा गया। इसके साथ ही संगठन में अन्य पदाधिकारी भी निर्वाचित किए गए।
नई कार्यकारिणी के पदाधिकारी
- वरिष्ठ उपाध्यक्ष: शोभित कुमार
- कनिष्ठ उपाध्यक्ष: अर्जुन कुमार
- जिलामंत्री: कमल कुमार सिंह
- उपमंत्री: रूपेंद्र सिंह शाक्य
- कोषाध्यक्ष: ममता यादव
- आय-व्यय लेखा परीक्षक: मोहम्मद अकरम खान
शपथ और स्वागत समारोह
नई कार्यकारिणी के सभी पदाधिकारियों को फूलमालाओं से भव्य स्वागत कर सम्मानित किया गया। मंच से उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई गई। इस दौरान मौजूद वरिष्ठ सदस्यों ने कहा कि संगठन की नई टीम लेखपालों की समस्याओं के समाधान और उनके हितों की रक्षा के लिए सदैव तत्पर रहेगी।
पदाधिकारियों के प्रथम वक्तव्य और संकल्प
- भोजराज सिंह यादव (जिलाध्यक्ष) ने कहा – “मुझे जो दायित्व सौंपा गया है, उसे पूरी ईमानदारी और निष्ठा से निभाऊँगा। संघ की गरिमा बनाए रखते हुए लेखपाल साथियों की समस्याओं के समाधान और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए हरसंभव प्रयास किया जाएगा।”
- शोभित कुमार (वरिष्ठ उपाध्यक्ष) ने कहा कि संगठन की मजबूती ही उनका लक्ष्य है और वे हर सदस्य की आवाज़ को जिलास्तर पर उठाने का कार्य करेंगे।
- अर्जुन कुमार (कनिष्ठ उपाध्यक्ष) ने भरोसा दिलाया कि वे युवाओं की ऊर्जा के साथ संगठन को नई दिशा देंगे।
- कमल कुमार सिंह (जिलामंत्री) ने कहा कि वे संगठन को एकजुट रखकर शासन-प्रशासन तक लेखपालों की मांगें पहुँचाने का कार्य करेंगे।
- रूपेंद्र सिंह शाक्य (उपमंत्री) ने संघ को मजबूत करने और पारदर्शिता बनाए रखने का वादा किया।
- ममता यादव (कोषाध्यक्ष) ने कहा कि संगठन की आर्थिक व्यवस्था को व्यवस्थित और सुदृढ़ बनाए रखा जाएगा।
- मोहम्मद अकरम खान (आय-व्यय लेखा परीक्षक) ने कहा कि वे संघ के वित्तीय मामलों में पूरी पारदर्शिता सुनिश्चित करेंगे।
संगठन का संदेश
चुनाव की पूरी प्रक्रिया की रिपोर्ट प्रदेशाध्यक्ष और महामंत्री को भेज दी गई है। उम्मीद जताई जा रही है कि नई कार्यकारिणी संगठन को और मजबूती प्रदान करेगी तथा बदायूं के लेखपालों की आवाज़ को प्रभावी ढंग से सरकार और प्रशासन तक पहुँचाएगी।














