होम राज्य उत्तर प्रदेश बदायूं: गौवंश संरक्षण के दावों की पोल खोल, स्वदेश केसरी की खबरों...

बदायूं: गौवंश संरक्षण के दावों की पोल खोल, स्वदेश केसरी की खबरों से हुआ खुलासा

समाचार साभार:विकेंद्र शर्मा (पशु प्रेमी)

बदायूं जिले में गौवंशों के साथ हो रही क्रूरता चरम पर पहुंच चुकी है। योगी सरकार के गौ संरक्षण के दावों को यहां रोजाना ठेंगा दिखाया जा रहा है। स्वदेश केसरी न्यूज़ लगातार गौवंश की दुर्दशा पर रिपोर्टिंग कर रहा है, लेकिन प्रशासन और जिम्मेदार विभाग आंखें मूंदे बैठे हैं।

जगह जगह मर रहे गौवंश लाशों को नौच रहे कुत्ते , प्रशासन बना मूकदर्शक

आरटीओ ऑफिस के पास एक और नंदी की हालत खराब है इस नंदी के साथ अमानवीयता की पराकाष्ठा देखने को मिली। किसी ने उसके मुंह में तार की नकेल डाल दी है , जिससे वह दर्द से बिलखते हुए इधर-उधर भटक रहा है। वहीं, ।

बदायूँ उझानी बाईपास पर मैगी पॉइंट के पीछे एक नंदी का शव 5 दिन से सड़ रहा है।नवादा पुलिस चौकी व स्थानीय प्रशासन और पशुपालन विभाग को सूचित किया गया है, ट्वीट भी किए गए हैं, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी हरकत में नहीं आए। 5 दिन से उसका अंतिम संस्कार तक नहीं किया गया। यह मामला ग्राम प्रधान और थाना सिविल लाइन पुलिस तक पहुंचाया गया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।

शासन-प्रशासन की लापरवाही चरम पर

पशुपालन विभाग और स्थानीय प्रशासन की लापरवाही हर घटना में साफ झलक रही है। जिलाधिकारी बदायूं इस पूरे मामले पर कोई संज्ञान नहीं ले रहीं। स्वदेश केसरी न्यूज़ की रिपोर्ट्स के बावजूद न तो प्रशासन सक्रिय हुआ और न ही पशुपालन विभाग।

गौवंश संरक्षण के सपने चूर-चूर

योगी सरकार के गौवंश संरक्षण के सपने बदायूं में बुरी तरह चूर होते दिख रहे हैं। घटनाओं की यह कड़ी प्रशासन की निष्क्रियता को उजागर करती है।

गौवंश की दुर्दशा पर सवाल उठाती स्वदेश केसरी

स्वदेश केसरी न्यूज़ ने लगातार इन घटनाओं को उजागर किया है। गौवंश के प्रति बढ़ रही क्रूरता और प्रशासनिक उदासीनता पर सरकार को कठघरे में खड़ा करने के लिए हर संभव कोशिश की जा रही है। अब देखना होगा कि इस गंभीर मुद्दे पर कब तक कार्रवाई होती है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here