आभूषणों के गुण
Mukut (crown): वजन 1.7 किलो; 75 कैरेट का हीरा; ज़ाम्बियन पन्ना के 135 कैरेट; अन्य रत्नों के अलावा 262 कैरेट माणिक; और 22 कैरेट सोने के पीछे 500 ग्राम का प्रभामंडल।
Ramanadi Tilak: शुद्ध पीले सोने से निर्मित, वजन 16 ग्राम, बीच में एक प्राकृतिक तीन कैरेट हीरे से अलंकृत और कई छोटे हीरे और बर्मी माणिक से घिरा हुआ है।
कंथा (गर्दन के टुकड़े): सबसे छोटा और सबसे चौड़ा, जिसे राम लला के गले में चोकर के रूप में देखा जाता है, इसका वजन 500 ग्राम है और यह सोने से बना है और रत्नों – माणिक, पन्ना और हीरे से अलंकृत है। इसके बीच में सूर्यवंशी लोगो है।
पंच लड़ पदिका (पांच लड़ियाँ): गले के नीचे तथा नाभि के ऊपर पहना जाने वाला हार। दैवी अलंकार का एक महत्त्वपूर्ण लक्षण। इसमें हीरे और पन्ने से बना पांच धागों वाला टुकड़ा है, जिसके बीच में एक बड़ा अलंकृत पेंडेंट है।
विजय माला: सभी में सबसे भारी, पैरों तक वजन 2 किलो; सोने से बना हुआ और बीच-बीच में माणिक जड़े हुए। इसे विजय के प्रतीक के रूप में पहना जाता है, इसे वैष्णव परंपरा के शुभ प्रतीकों से सजाया जाता है, जिसमें सुदर्शन चक्र, कमल, चंपा, पारिजात, कुंड, तुलसी, शंख और मंगल कलश कुंडल शामिल हैं।
कान के टुकड़े: मुकुट को पूरक करने के लिए डिज़ाइन किया गया, मुकुट के समान डिज़ाइन का अनुसरण करते हुए, मोर के रूपांकनों से सजाया गया, सोने से सजाया गया, और हीरे, माणिक और पन्ने से सजाया गया।
कमरबंद (कमरबंद): रामलला की कमर के चारों ओर लिपटी हुई, रत्नों से जड़ी हुई, हीरे, माणिक, मोती और पन्ने से सुसज्जित सोने से बनी, छोटी घंटियाँ पवित्रता का प्रतीक हैं, जो राजसी वैभव को दर्शाती हैं।
Baju Band (armband): दोनों भुजाओं पर पहना हुआ, सोने से निर्मित, सभी रत्नों से जड़ित
कंगन (चूड़ियाँ): वजन लगभग 850 ग्राम, 100 कैरेट हीरे, 320 कैरेट माणिक और पन्ना।
पग कड़ा (टखने की पट्टी): रत्नों के सुंदर जड़ाऊ काम के साथ सोने से निर्मित पायल: वजन 560 ग्राम, सोने से निर्मित।
धनुष और बाण (धनुष और बाण): वजन 1 किलो, 24 कैरेट सोने से बना।
खिलौने: चांदी से निर्मित, जिसमें झुनझुना (एक शिशु का खिलौना), घोड़ा, हाथी, ऊंट और लट्टू शामिल हैं।

























