बदायूँ।उत्तर प्रदेश ऊर्जा निगमों में भ्रष्टाचार के खिलाफ बिजलीकर्मियों में आक्रोश बढ़ता ही जा रहा है अपनी तमाम मांगों को लेकर 15 मार्च से प्रदेश भर में उत्तर प्रदेश अभियंता संघ व राविप जूनियर संगठन के बैनर तले चलाये जा रहे असहयोग आंदोलन के अंतर्गत आज बदायूँ के सभी अभियंता व अवर अभियंताओं ने प्रदेश के आव्हान पर उत्तर प्रदेश अभियंता संघ व राविप जूनियर संगठन ने असहयोग आंदोलन का समर्थन करते हुए आज बदायूँ वितरण मण्डल कार्यलय के समीप एकत्र होकर एक शाम 4 बजे से 5 बजे तक एक घण्टे का विरोध प्रदर्शन किया गया।




बताते चलें कि उत्तर प्रदेश में ऊर्जा निगमों में भ्रष्टाचार के खिलाफ बिजलीकर्मियों ने आवाज उठाई है इसी को लेकर 14 मार्च को अपनी कई मांगों को लेकर निगम चेयरमैन एम. देवराज को ज्ञापन सौंपा गया था. ज्ञापन में मांगें पूरी होने तक 15 मार्च से प्रदेश के सभी बिजली अभियन्ता और जूनियर इंजीनियर संगठन द्वारा असहयोग आंदोलन चलाया जाएगा की जानकारी दे दी गई थी, जूनियर इंजीनियरों द्वारा दिये गए ,ज्ञापन में ईआरपी, बिजली खरीद में हुए घोटाले में उचित कार्रवाई करने की मांग की गई है.
बिजलीकर्मियों ने कहा है कि विगत वर्ष 2020 में लाखों उपभोक्ताओं की विद्युत आपूर्ति ठप करने की दोषी निजी कम्पनी पर एक्शन लिया जाए. साथ ही प्रबंधन को अल्टीमेटम देते हुए नियम विरुद्ध उत्पीड़नात्मक कार्रवाई निरस्त नहीं करने पर 15 मार्च से लगातार असहयोग आंदोलन करने की बात कही थी, प्रबंधन के भ्रष्ट निजी कंपनी को संरक्षण देने से बिजली कर्मचारी काफी आक्रोशित है.
अभियन्ता संघ के वरिष्ठ आधिकारियों ने चैयरमेन को बताया है कि उत्तर प्रदेश बिजली निगमों में ईआरपी प्रणाली लागू कराने करीब 700 करोड़ रुपये का खर्च ऊर्जा निगम प्रबंधन द्वारा किया गया है. जोकि अन्य प्रदेशों की तुलना में कई गुना अधिक है. इसमें साफ तौर पर भ्रष्टाचार नजर आ रहा है. बता दें कि महाराष्ट्र में करीब 90 करोड़ रुपये, आंध्रप्रदेश में करीब 25 करोड़, तमिलनाडु में करीब 40 करोड़ ईआरपी में खर्च किए गए. लेकिन यूपी में इतनी बड़ी धनराशि ईआरपी में व्यय की गई है. इतना ही नहीं विद्युत उत्पादन निगम को कोल इण्डिया लिमिटेड का कुछ करोड़ रुपये का भुगतान नहीं किया गया, बल्कि कृत्रिम बिजली संकट के दौरान एनर्जी एक्सचेंज से 20-21 रुपये प्रति यूनिट की दर से बिजली खरीदी गई जैसे तमाम गम्भीर आरोपों की जांच के लिये 15 मार्च से शाम 4 बजे से 5 बजे का 1 घण्टे का असहयोग आंदोलन चलाया जा रहा रहा।
विरोध सभा को संबोधित करते हुए इंजीनियर अमित कुमार सक्सेना उपखंड अधिकारी विद्युत विवरण उपखंड दातागंज ने कहा कि उत्तर प्रदेश ऊर्जा निगमों में प्रबंधन द्वारा तानाशाही ढंग से अन्याय व उत्पीड़न किए जाने से सभी कर्मचारियों में रोष व्याप्त है, कारपोरेशन में उत्पन्न किए गए भय के वातावरण में बगैर संसाधनों के अत्यंत मानसिक कष्ट में कार्य कर रहे सभी अभियंताओं एवं अवर अभियंताओं ने शीर्ष स्तर पर व्याप्त भ्रष्टाचार के विरोध में आगामी 4-5 एवं 6 अप्रैल को सामूहिक अवकाश पर जाने की घोषणा कर दी गई है ।
आज की इस विरोध सभा में सुनील कुमार, रणवीर ,सचिन, रजनीश, विकास कुमार,मोहम्मद मियां कुरेशी, रवि कुमार, राजीव कुमार ,सहित समस्त अवर अभियंता एवं सहायक अभियंता अमित कुमार सक्सेना ,देवेंद्र चौहान, शील प्रकाश पांडेय,विक्रांत सैनी, नीरज गोवाडी ,यश भारद्वाज, पुष्पेंद्र गंगवार एवं समस्त अभियंता गण उपस्थित रहे, उक्त जानकारी राविप परि 0जू ई सं शाखा बदायूँ के जनपद सचिव धर्मात्मा कुमार गौंड द्वारा प्रेस विज्ञप्ति जारी कर दी गई है।

























