बदायूँ।उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के जिला अध्यक्ष एवं प्रांतीय प्रचार मंत्री संजीव शर्मा ने आज दोपहर एक प्रेस कांफ्रेंस आयोजित की।कॉन्फ्रेंस में बोलते हुए जिलाध्यक्ष संजीब शर्मा ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी पर आरोप लगाते हुए कहा कि जनपद मे आने के बाद से शिक्षकों का आर्थिक एवं मानसिक शोषण जा रहा है।इसी के चलते उन्होंने मुझे द्वेष भावना से दो बार निलंबित किया गया। आगे बोलते हुए उन्होंने कहा कि 19 सितंबर तक अगर बीएसए पर दंडात्मक कार्यवाही नहीं हुई तो 20 सितंबर को 75000 शिक्षक बी0एस0ए0 कार्यालय पर धरना प्रदर्शन करेंगे।
बीएसए की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा कि विकास क्षेत्र बिसौली के विद्यालयों में बीएसए द्वारा निरीक्षण के दौरान 90% छात्र उपस्थित न होने के कारण एक ही दिन 28 शिक्षक शिक्षिकाओं का वेतन इस शर्त के साथ रोका गया कि दो माह से पहले संबंधित शिक्षक द्वारा कोई स्पष्टीकरण नहीं दिया जाएगा।
संजीव शर्मा ने कहा कि बीएसए द्वारा खाद्यान्न एवं कन्वर्जन पोस्ट मात्र 40% से 52% तक दिया जाता है तो ऐसी स्थिति में 90% उपस्थित छात्राओं को प्रधानाध्यापक या इंचार्ज प्रधानाध्यापक कैसे मध्यान भोजन की उपलब्धता सुनिश्चित कर सकता है?
इसके साथ ही बीएसए द्वारा शिक्षकों के चयन वेतनमान एवं प्रोन्नत वेतनमान स्वीकृत नहीं किया जा रहा है। बीएसए द्वारा शिक्षिकाओं के सीसीएल भी अप्रूव नहीं की जा रही है और यदि कुछ अप्रूव की जा रही है वह भी केवल एक माह की स्वीकृत की जा रही है जिससे जनपद की शिक्षिकाओं में आक्रोश व्याप्त है।
बीएसए स्वाती भारती द्वारा जनपद में निलंबित चल रहे शिक्षकों पर खंड शिक्षा अधिकारियों की आख्या प्राप्त हो जाने के बावजूद कोई अग्रिम कार्यवाही एवं बहाली नहीं की जा रही है।
उनके द्वारा शिक्षक संघ के जिला अध्यक्ष संजीव शर्मा को 26 जुलाई को उन पर गतिमान जांच के बावजूद निलंबन की कार्यवाही कर दी गई उनसे कारण पूछे जाने पर उनके द्वारा यह कह दिया गया की महानिदेशक बेसिक शिक्षा से प्राप्त मौखिक आदेशों के क्रम में निलंबित किया गया है। इस संदर्भ में महानिदेशक से वार्ता करने पर उन्होंने स्पष्ट किया कि मैंने बीएसए बदायूं को निलंबन से संबंधित किसी प्रकार का कोई मौखिक आदेश नहीं दिया था।
बीएसए द्वारा निलंबन आदेश में लिखा है कि 4 सितंबर 2023 को आयोजित धरने की बीएसए से अनुमति प्राप्त नहीं है जबकि संजीव शर्मा ने प्रेस कांफ्रेंस के दौरान अनुमति संबंधी पत्र समेत बीएसए की तानाशाही एवं भ्रष्टाचार से संबंधित विभिन्न साक्ष्य पत्रकारों को उपलब्ध कराये गए थे।
जिला मंत्री उदयवीर सिंह यादव एवं जिला कोषाध्यक्ष सुशील चौधरी ने बताया कि बीएसए बदायूं की कार्यशैली से केवल जनपद बदायूं ही नहीं अपितु पूरे प्रदेश के शिक्षक आक्रोशित है। यदि बीएसए के खिलाफ 19 सितंबर 2023 तक कोई दंडात्मक कार्यवाही नहीं की जाती है तो ऐसी स्थिति में 20 सितम्बर को संघ के प्रांतीय आह्वान पर पूरे प्रदेश से लगभग 75000 शिक्षक जनपद बदायूं के बेसिक शिक्षा कार्यालय में आंदोलन करने हेतु बाध्य होंगे।
इस दौरान जिला मंत्री उदयवीर सिंह यादव, जिला कोषाध्यक्ष सुशील चौधरी, अनुराग यादव,अराफात खान, रानू, सुशील शर्मा, पंकज पाठक आदि मौजूद रहे।

























