बदायूँ।मामला शहर के आर्य समाज चौक के पास ही भरत मिलाप गली का है जहां देर शाम हाथी वाले मन्दिर के नाम से मशहूर मन्दिर में बने शिव मंदिर के बहार बने चबूतरे के कोने पर किसी पड़ोसी ने अपने घर मे खराब हो चुके एलईडी बल्ब को तीन दिन पहले फेंक दिया था। आज रात्रि में वह बल्ब अचानक से जल उठा, देखते देखते ही देखते जसे देखने के लिये आसपास के लोगों की काफी भीड़ इकट्ठा हो गई,लोग इसे भगवान शिव का चमत्कार बताने लगे।
अब बताते हैं पूरी खबर विस्तार से देर शाम गली के रहने वाले एक व्यापारी अपने से वापिस अपने घर लौटे तो मन्दिर की खिडकी से ही उन्होंने भगवान शिव को प्रणाम किया तभी उनकी नज़र कोने में ज़मीन पर पड़े उस जलते हुए बल्ब पर पड़ी उन्होंने नज़दीक जाकर उसको गौर से देखा तो उन्होंने पाया कि बल्ब में कोई होल्डर व तार नहीं लगे हुए हैं बल्व फिर भी जल रहा है,जिसकी चर्चा उन्होंने अपने घर जाकर परिवार के बाकी सदस्यों से की , जिसे देखने के लिये परिवार के बाकी लोग मन्दिर के बहार जमा हो गए, भीड़ देखकर मोहल्ले के बाकी लोग भी कौतूहल बस मंदिर के बहार इकट्ठा हो गये, कुछ महिलाएं इसे भोले का चमत्कार बताने लगीं, फिर भीड़ में से किसी ने कहा कि यब बैटरी वाला बल्ब लग रहा है, तो इसके जबाब में किसी ने कहाकि यह पिछले तीन दिनों से यहां पड़ा हुआ है तब तो नहीं जला।जितने मुहं उतनी बातें लोग इसे मन्दिर के बहार पड़ा होने के चलते आस्था से जोड़ते नज़र आये।धीरे धीरे बात गली से बहार निकल गई जिसका असर यह हुआ कि गली के बहार के लोग भी एलईडी बल्ब को चमत्कार समझ दर्शन करने को जुटने लगे।तभी भीड़ में से ही किसी सज्जन ने बल्ब उठाकर मन्दिर के पुजारी को यह कहकर सोंप दिया कि बल्ब बैटरी वाला लग रहा है इसको रखलो चार्ज कर लेना काम आएगा। जिसके बाद मन्दिर बहार जुटी भीड़ अपने घरों को लौट गई, और एलईडी बल्ब चमत्कारी बाबा बनते बनते रह गया।

























